रायपुर। इंस्टीट्यूट ऑफ होटल मैनेजमेंट (आईएचएम) रायपुर के छात्रों ने एक बार फिर अपनी प्रतिभा का परचम लहराया है। पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर स्थित एनएसएचएम कॉलेज में आयोजित “बेहतर किचन क्यूलिनरी और बेकरी चैलेंज (सीजन 6)” में आईएचएम रायपुर के छात्रों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया और विभिन्न श्रेणियों में शानदार सफलता हासिल की। प्रतियोगिता में देशभर के विभिन्न होटल मैनेजमेंट संस्थानों के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। आईएचएम रायपुर की टीमों ने कठिन प्रतिस्पर्धा के बावजूद अपनी श्रेष्ठता साबित करते हुए पुरस्कार अपने नाम किए।

बेकरी चैलेंज में प्रथम स्थान
आईएचएम रायपुर की छात्राएं भूमिका और रंजिता ने बेकरी चैलेंज में प्रथम स्थान प्राप्त किया। उन्होंने “केक – स्पोर्ट्स थीम: इंडिया हॉकी टीम” थीम पर शानदार केक तैयार किया, जिसे निर्णायकों ने बेहद सराहा। इसके अलावा, उनकी प्रस्तुत “डेसर्ट – कदम नारिकेली” ने अपने अनूठे स्वाद और प्रस्तुति के कारण विशेष प्रशंसा प्राप्त की।
क्यूलिनरी चैलेंज में द्वितीय स्थान
आईएचएम रायपुर के छात्र गुंजन और शैलेन्द्र ने क्यूलिनरी चैलेंज में दूसरा स्थान प्राप्त कर संस्थान का नाम रोशन किया। इस प्रतियोगिता में उन्होंने छत्तीसगढ़ की पारंपरिक पाक कला को आधुनिक अंदाज में प्रस्तुत किया, जो निर्णायकों को बेहद पसंद आया। प्रतियोगिता के दौरान गुंजन और शैलेन्द्र ने महुआ पुलाव तैयार किया, जो अपने अनूठे स्वाद और सुगंध के कारण विशेष आकर्षण का केंद्र बना। इसके अलावा, उन्होंने आमठ, जो छत्तीसगढ़ का पारंपरिक खट्टा-मीठा व्यंजन है, और चपड़ा चटनी, जिसे लाल चींटी की चटनी के नाम से भी जाना जाता है, को बेहतरीन तरीके से प्रस्तुत किया। डेसर्ट कैटेगरी में उनकी प्रस्तुति कोको दो बाटी, जिसे आमतौर पर महुआ लड्डू के नाम से जाना जाता है, ने निर्णायकों को खासा प्रभावित किया। पारंपरिक छत्तीसगढ़ी व्यंजनों को नया स्वरूप देकर उन्होंने अपनी रचनात्मकता और पाक कौशल का शानदार प्रदर्शन किया।

आईएचएम रायपुर के चेयरमैन श्री अन्बलगन पी., जो छत्तीसगढ़ पर्यटन विभाग के सचिव भी हैं, ने विजेता छात्रों को बधाई देते हुए कहा, “छत्तीसगढ़ के युवा किसी से कम नहीं हैं। आईएचएम रायपुर के छात्रों ने एक बार फिर साबित किया है कि वे अपनी कड़ी मेहनत और रचनात्मकता के बल पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकते हैं। मैं सभी विजेता छात्रों को बधाई देता हूँ और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करता हूँ।”
छात्रों की इस उपलब्धि पर संस्थान के प्राचार्य श्री विवेक आचार्य, जो छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड के प्रबंध निदेशक (MD) भी हैं, ने विजेता छात्रों को बधाई दी। उन्होंने कहा, “छात्रों की यह उपलब्धि उनकी मेहनत और समर्पण का प्रमाण है। आईएचएम रायपुर निरंतर ऐसे मंच प्रदान कर रहा है, जहाँ छात्र अपनी प्रतिभा को निखार सकें और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकें।”
छत्तीसगढ़ी व्यंजनों को दिलाई नई पहचान
इस प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ी व्यंजनों की शानदार प्रस्तुति ने निर्णायकों को विशेष रूप से आकर्षित किया। महुआ पुलाव, आमठ और चपड़ा चटनी जैसे पारंपरिक व्यंजनों को आधुनिक तरीके से परोसकर छात्रों ने अपनी रचनात्मकता का परिचय दिया। आईएचएम रायपुर के छात्रों की यह सफलता प्रदेश के लिए गर्व की बात है और यह साबित करती है कि संस्थान विद्यार्थियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण और प्रतिस्पर्धात्मक माहौल प्रदान कर रहा है। इस उपलब्धि ने रायपुर और छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय स्तर पर एक नई पहचान दिलाई है।